Sonography क्या है?

आपको पेट में दर्द हो रहा हो, या आप डॉक्टर के पास जाते हो डॉक्टर आपको लिख कर देता है सोनोग्राफी कराओ तो आखिर ये सोनोग्राफी क्या है और ये Sonography  Xray, MRI Scan, CT Scan इन सब से कैसे अलग है ?? चलिए देखते है . सोनोग्राफी Welcome to HindiBlogg, मैं हूँ Gagan और GK के episode में आप सब का बहुत बहुत स्वागत है. दोस्तों आज का हमारा Topic है ULTRA सोनोग्राफीजी हा दोस्तों जिसे हम जानते है सोनोग्राफी के नाम से दोस्तों आखिर ये किस तरह का Diagnostic Tool है??

Sonography के बारे में हम विस्तार में पढ़ते है.

ULTRA SONOGRAPHY, या फिर सोनोग्राफी , या फिर Ultrasound दोस्तों ये एक प्रकार का technique है. इस प्रकार का प्रयोग है जो इस्तेमाल होता है SOUND WAVES को Use करके SOUND WAVES पर आधारित एक IMAGING TECHNIQUE है.
ये दोस्तों सोनोग्राफी , अक्सर Diagnosis के लिए बहोत commonly Use होता है. पहली बात तो इसलिए के इसमें किसी भी तरह के side effect नहीं है. यह Radar की तरह काम करता है।

और ये काफी Economical , या फिर काफी सस्ता है compare to दूसरी सब जाँच. दोस्तों जैसे आप जानते होंगे की Xray में X -RAY इस्तेमाल होता है जिसमे कभी कभी Radiation का खतरा हो सकता है.

इसी लिए PREGNANCY में अक्सर Xray use नहीं होते क्युकी बच्चे को Radiation की वजह से तकलीफ हो सकती है. दूसरा है दोस्तों CT SCAN जो काफी मेहंगा है और तीसरा है दोस्तों MRI SCAN , ये सब जो Diagnostic Tools है.

वो बहोत ज्यादा मेहँगे होते है ऐसे में दोस्तों सोनोग्राफी एक ऐसा procedure है, एक ऐसी IMAGING TECHNIQUE है जो बहोत Economical है और बहोत Easily हो जाती है. और Best Part ये है . इसका कोई भी side effect नहीं है. जैसे की मैंने आपसे पहले कहा था.

तो दोस्तों सोनोग्राफी या फिर Ultrasound एक सामान्य जांच है, जिसमें शरीर के सभी हिस्सों को देखने के लिए SOUND WAVES का इस्तेमाल किया जाता है। यह SOUND WAVES हमें सुनाई नहीं देती, क्योंकि ये SOUND WAVES 20 Kilo HERTZ से ऊपर होती है. लेकिन अल्ट्रासाउंड मशीन के साथ जुड़ी हुई स्क्रीन पर तस्वीर देखी जा सकती है। इस तरह से होता है Ultrasound IMAGING दोस्तों mostly Ultrasound IMAGING का इस्तेमाल PREGNANCY के दौरान DELIVERY के सही समय का अनुमान लगाने के लिए किया जाता है।

सोनोग्राफी का इस्तेमाल – USES OF SONOGRAPHY

  1. INTESTINES, या आंतड़ियो के लिए ,
    गर्भाशय और अंडाशय की जाँच करने के लिए
  2. URINARY BLADDER के लिए ,
    इतना ही नहीं दोस्तों
  3. ULTRASOUND का इस्तेमाल आँखों के लिए, THYROID के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है
  4. बहोत ही अच्छा प्रयोग किया जा रह है BREAST CANCER में जी हा दोस्तो अक्सर अगर BREAST या स्तन में गाँठ महसूस हो तो Doctors SONOGRAPHY करवाने को कह सकते है.
  5. SONOGRAPHY से ये पता चलता है की ये गांठ SOLID है या नरम है

तो दोस्तों इस तरह भेदभाव करने के इस  काफी Useful होता है जिससे कई बार जान भी बच जाती है, कई बार Ladies को टेंशन हो जाता है तो ऐसे में दोस्तों सिर्फ सोनोग्राफी करवाने से उनका टेंशन दूर हो जाता है.

लेकिन दोस्तों ये जाँच सिर्फ महिलाओं तक ही सिमित नहीं है दोस्तों लेकिन पुरषोंमे भी इसका काफी Use होता है. ख़ास करके अगर किसीको HERNIA हुआ हो तो ऐसे में दोस्तों सोनोग्राफी की मदद से पता चल जाता है की ये HERNIA कितना बढ़ा हुआ है, कितना extent है इसका
क्या ये किसी भी तरह का बाहरी Band या फिर किसीभी तरह के Belt से ठीक हो सकता है. या फिर इसको Operation की जरुरत है.

तो दोस्तों ये बातो का बता चलाया जा सकता है अगर सोनोग्राफी की जाये दोस्तों हाल ही में Ultrasound को ना सिर्फ Diagnosis के लिए बल्कि एक Treatment में मदद के लिए भी इस्तेमाल किया जा रहा है.

Infertility में यानि बांझपन के इलाज के लिए , या फिर Diagnosis के लिए , या फिर कह सकते है की इलाज में Help करने के लिए इस्तेमाल किया जाता है.दोस्तों इसको कहा जाता है Follicular Study.

दोस्तों सोनोग्राफी से ये भी पता चल सकता है की Body की धमनियों में या फिर BLOOD VESSLES में या फिर खून की नसोमे कही पे भी BLOCKAGE है या नहीं.दोस्तों Doppler Ultrasound में TISSUES और BLOOD VESSLES या फिर खून की नसों की स्थिति की जाँच कर सकते है दोस्तों Doppler Ultrasound कराने से खून की नसों में खून का दबाव कितना है या फिर PRESSURE कितना है ये जानकारी मिल सकती है.

दोस्तों अगला प्रकार है Ultrasound का EchoCardiogram

इसमें ये होता है की HEART का अल्ट्रासाउंड किया जाता है। दोस्तों HEART के अल्ट्रासाउंड में ये पता लगाया जा सकता है की HEART को पर्याप्त मात्रा में blood circulation मिल रहा है के नहीं मिल रहा है. HEART में Blood का pumping ठीक तरह से हो रहा है की नहीं हो रहा है और HEART बराबर function कर रहा है की नहीं.

दोस्तों दूसरा जो Case है , जिसमे Sonography को थोड़ी बहोत Treatment के लिए भी इस्तेमाल किया जाता है और वो है दोस्तों FNAC या फिर Fine needle aspiration cytology ऐसे आसान शब्दोमे कहा जाये की किसी भी तरह की Biopsy निकालने के लिए दोस्तों Sonography करते समय किस तरह से किया जाता है.

तो दोस्तों ऐसे में इसको करने के वक़त कभी कभी patient को एक surgical gown दिया जाता है जो मरीज को पेहेनना होता है, जिससे इससे करने में आसानी होती है.

दूसरा ये होता है दोस्तों के शरीर के प्रभावित हिस्से पर या फिर जिस हिस्से की Sonography निकालनी हो उस पर जेल लगाया जाता है और एक वांड यानी जॉय स्टिक को जेल पर घुमाया जाता है तो दोस्तों ये जॉय स्टिक इस तरह से काम करता है की वो शरीर के आंतरिक भाग की तस्वीरों को दिखाने में मदद करता है।

दूसरी बात ये है की इसमें बहोत ज्यादा पूर्व तैयारीनहीं लगती डॉक्टर आपको कह सकते है की खली पेट आइये या फिर खुप सारा पानी पीके आइये लेकिन इसके अलावा और किसी भी तरह की पूर्व तैयारी नहीं लगती तो दोस्तों आप ये सोच रहे होंगे की

SonoGraphy का क्या खर्चा आता है ?

तो दोस्तों में आपको ये बताना चाहूंगी के Basic सोनोग्राफी  आपको Rs.800/- तक की हो जाती है Basic Sonography का मतलब ये है के Normal kidney की सोनोग्राफी   करनी हो या फिर GALL BLADDER की Sonography करानी हो इसमें ये भी शामिल होता है की Obstetric सोनोग्राफी  जिसमे pregnancy के दौरान जो Sonography की जाती है. वो भी Rs.800/- तक की होती है

दोस्तों special सोनोग्राफी  जैसे की Follicular Study के लिए की जानेवाली सोनोग्राफी  ख़ास करके Infertility , बांझपन के लिए की जाती है इसमें दोस्तों single sitting में नहीं होती. लेकिन कई चार या पांच बार आपको सोनोग्राफी  के लिए जाना पड़ता है ऐसे में दोस्तों पूरा खर्चा कम से कम Rs.4500/- से ले कर Rs.6000/- तक का हो सकता है. और special Sonography जैसे की Doppler Sonography Echocardiogram , इसमें दोस्तों २०००/- से ले कर ६०००/- तक का खर्चा आ सकता है तो दोस्तों ये थी संक्षिप्त में जानकारी Ultra Sonography के बारे में.

Leave a Comment